कितने गरीब हैं, ये विशेषाधिकार के मारे, बेचारेArticles

कितने गरीब हैं, ये विशेषाधिकार के मारे, बेचारे

चुनाव के नतीजे आते ही पता नहीं क्यों हमारे विजयी नुमाइंदों के पंख लग जाते हैं। हमारे विधायक, सांसद या…